अपने जीवन की एक उम्र पार कर,
सारे अनुभवों का निचोड़ निकालकर।
जब बुजुर्ग हो जाता है एक युवा,
तो सुधार सकता है परिवार की हवा।
बुजुर्ग देता है अपने सदस्यों को एक दिशा,
जिस पर चलना चाहिए सभी को हमेशा।
यदि चलते से इसी दिशा में सभी,
बात मान कर नहीं भटकेगा कभी।
बुजुर्ग हर परिवार का प्रकाश स्तंभ है,
जो वही दिशा दिखाता है जो सही है।
जरूरी है बुजुर्गों का सम्मान करना,
दोस्तों उन बुजुर्गों पर अभिमान करना।
यदि बुजुर्गों के निर्देशों का पालन करोगे,
तो जीवन में कभी भी राह नहीं भटकोगे।
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