गुरुवार, 13 अप्रैल 2023

नारियां -- गीत(संशोधित)

 इस धरा के हर कोने पर,

हर क्षेत्र में हैं नारियां।

भूभाग पर ही नहीं ,

अंतरिक्ष में भी नाम लिखाती नारियां। 


 सागर की गहराई या पर्वत की ऊंचाईयां,

हर जगह इतिहास बनाती नारियां। 

घर में मां की सहायक बनतीं, 

पापा को भी राह दिखाती नारियां ।

इस धरा  के हर कोने पर,  हर क्षेत्र में है नारियां। 



माता-पिता से शिक्षा पाकर,

 संस्कारित होती नारियां।

 ससुराल में जाकर भी,

परिवार का मान बढ़ाती नारियां। 

इस धरा के हर कोने पर,हर क्षेत्र में है नारियां।


स्वयं बेटी,मां,दादी,नानी ही नहीं,

 संसार की जननी होती हैं नारियां,

जो न होतीं जगत में नारियां।

 तो नवरात्र में कहां से आती नौ देवियां। 

इस धरा के हर कोने पर ,हर क्षेत्र में है नारियां।


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