गुनगुन करता भंवरा आता,
सुन सुन कहकर गीत सुनाता।
काँटों से तो दूरी बनाकर,
फूलों संग समय बिताता।
चुन्नू मुन्नू तुम भी आओ,
मेरे संग संग खेल रचाओ।
खेलो कूदो नाचो गाओ,
फूलों का मन हरसाओ।
आसमान में बादल छाए,
बरखा का संदेसा लाए।
देखो बूँदें आने लगी हैं,
रिमझिम रिमझिम गाने लगी हैं।
भंवरा फूलों पर मंडराता,
कान में जाकर गीत सुनाता।
फूलों के मन भी हर्षाये,
सब ने मिलकर गाने गाये।
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