ओ प्यार के राही पहले मेरी बात सुनना,
सब कुछ कर लेना लेकिन प्यार नहीं करना।
प्यार का झगड़ा बहुत ही तगड़ा जैसे फेविकोल,
इस प्यार के लफड़े में भांति भांति के झोल।
प्यार करने तो चला पर तुझे नहीं है भान,
सामने वाले तगड़ी हुई तो बनेगा युद्ध का मैदान।
मेरी बुद्धि घास चरने चली गई थी,
तो दिल में एक झुरझुरी सी हुई थी।
मैंने सामने वाली खिड़की में देखा एक चांद का टुकड़ा,
और यहीं से शुरू हो गया मेरे दिल का दुखड़ा।
मुझे देख उसका मुखमंडल मुस्कुराया,
क्या बताऊँ उसने इस तरह मुझे फंसाया।
उसने अंगुली से पास आने का इशारा किया,
मैं उसके इशारे पर बिना डोर खिंचता चला गया।
मैंने इजहार-ए-मोहब्बत के लिए किया इशारा,
लेकिन यह क्या उसने गमला ही उठा कर दे मारा।
दिल टूटा,सिर फूटा,गमला हुआ धराशायी,
मंजर यह देख उसकी आंख भर आयी।
हाय मेरा गमला कहके उसने गमला उठाया,
मेरे फूटे सिर पर उसे तरस न आया।
अब सिर जुड़वाने डॉक्टर के पास जा रहा हूं,
टांके कितने लगेंगे अंदाजा लगा रहा हूं।
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